
लोकसभा में वक्फ (संशोधन) विधेयक 2025 पेश कर दिया गया है। वक्फ बिल को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा है कि बिल पेश होने से पहले ज्वाइंट पार्लियामेंट्री कमेटी (JPC) में भेजा गया था। केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने लोकसभा में वक्फ (संशोधन) विधेयक 2025 पेश कर दिया है। इस पर 8 घंटे की चर्चा होने की उम्मीद है। इस बिल का विपक्ष ने जोरदार विरोध किया है। विपक्षी दलों का कहना है कि यह विधेयक अल्पसंख्यकों के अधिकारों पर हमला है, जबकि सरकार का दावा है कि इससे वक्फ संपत्तियों का बेहतर प्रबंधन होगा।
क्या बोले केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह
इस बीच वक्फ बिल को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा है कि कैबिनेट से बिल पास होने के बाद ही इसे सदन में लाया गया है। उन्होंने कहा कि बिल पेश होने से पहले ज्वाइंट पार्लियामेंट्री कमेटी (JPC) में भेजा गया जहां सबकी राय ली गई है। अमित शाह ने कहा कि हम कांग्रेस की तरह कमेटियां नहीं बनाते, हमारी कमेटी लोकतांत्रिक तरीके से काम करती हैं।
लोकसभा में मजबूत है एनडीए
एनडीए के सहयोगी दल जैसे जेडीयू, टीडीपी और चिराग पासवान की लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) ने भी सरकार के समर्थन का ऐलान किया है। दूसरी ओर, विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया’ इस बिल का कड़ा विरोध करने के लिए तैयार है। कांग्रेस, समाजवादी पार्टी, टीएमसी और अन्य विपक्षी दलों ने इसे संविधान के खिलाफ और अल्पसंख्यकों के अधिकारों पर हमला करार दिया है। लोकसभा में संख्याबल के हिसाब से एनडीए की स्थिति मजबूत है, जिसके पास 293 सांसद हैं, जबकि बिल पास करने के लिए 272 वोटों की जरूरत है।